1 नवंबर 2026
सर्दियों की ख़ास मिठाइयाँ
घी, गोंद और गुड़ — गुजराती सर्दियों के असली पाक.
नवंबर से फ़रवरी तक गुजराती रसोई में वसाणा का मौसम होता है — घी, गुड़, गोंद और गर्म मसालों से बने सर्दियों के पाक. हमारा अड़दिया पाक, मसाला पाक और खजूर पाक इसी परंपरा में, पूरे मौसम छोटे बैच में बनते हैं.
सर्दियों की ख़ास मिठाइयाँ के लिए मिठाइयाँ
वसाणा की परंपरा
गुजरात में, ख़ासकर कच्छ और काठियावाड़ में, सर्दी यानी वसाणा का मौसम. सुबहें ठंडी होते ही घर-घर में घी, गुड़, गोंद, सूखे मेवे और सोंठ-पीपरामूल जैसे मसालों से पाक बनने लगते हैं. सुबह दूध के गिलास के साथ पाक का एक टुकड़ा — यह सर्दियों की आदत हममें से कई लोगों के बचपन का हिस्सा है, और ठंड के दिनों में गर्माहट और ताक़त के लिए परंपरा से पाक खाए जाते हैं.
पुराने और जाने-पहचाने पाक
- अड़दिया पाक — उड़द दाल का आटा घी में धीमी आँच पर भूनकर, गोंद, गुड़ और मसालों के साथ. कच्छ-काठियावाड़ की सर्दियों की ख़ास मिठाई, गाढ़ी और खुशबूदार.
- मसाला पाक — सोंठ, गोंद, पीपरामूल (गंठोड़ा), सूखे मेवे, घी और गुड़; मसालेदार, पूरी तरह पारंपरिक सर्दियों की मिठाई.
- खजूर पाक — खजूर और सूखे मेवों का पाक, ऊपर से चीनी नहीं; हल्की सर्दियों वाली मिठाई चाहने वालों के लिए.
हम कैसे बनाते हैं
हर बैच जामनगर में घर पर, बरसों से चले आ रहे उसी तरीके से घी में धीरे-धीरे भूनकर बनता है. ये मौसमी मिठाइयाँ हैं, इसलिए हम लगभग नवंबर से बनाना शुरू करते हैं और गर्मी आने तक बनाते रहते हैं.
तोहफ़े के लिए
माँ-पापा या दादा-दादी के लिए सर्दियों के पाक का बॉक्स गुजराती परिवारों का सबसे पारंपरिक तोहफ़ा है. पूरे मौसम के लिए भरकर रखना चाहने वाले परिवारों के लिए हम ज़्यादा मात्रा भी बना देते हैं — कितना चाहिए, यह लिखकर इन्क्वायरी भेजिए.
लगभग नवंबर से फ़रवरी. अड़दिया पाक और मसाला पाक मौसमी हैं, इसलिए इन्क्वायरी भेजिए — अगले बैच की तारीख़ हम बता देंगे.